भारत में विभिन्न कारोबार संचालित करने वाली प्रमुख कंपनियों में से एक आईटीसी ने डाक विभाग, संचार मंत्रालय के साथ सहभागिता में आज नई दिल्ली में एक विशेष डाक स्टैम्प जारी किया है। आईटीसी के अपने मिशन मिलेट्स अभियान के अंतर्गत अंतरराष्ट्रीय बाजरा वर्षके उपलक्ष्य में यह विशेष डाक स्टैम्प जारी किया किया गया है। इसका उद्देश्य श्री अन्न की खूबियों को मान्यता प्रदान करने एवं बाजरे के प्रति जागरूकता बढ़ाने के राष्ट्रव्यापी प्रयासों को मज़बूती प्रदान करना है। यह विशेष स्टैम्प केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण राज्य मंत्री श्री कैलाश चौधरी द्वारा नई दिल्ली में जारी किया गया। इस अवसर पर सुश्री मंजू कुमार, चीफ पोस्ट मास्टर जनरल, भारतीय डाक, संचार मंत्रालय एवं श्री एस. शिवकुमार, ग्रुप हेड – एग्री बिजनेस, आईटीसी लिमिटेड उपस्थित रहे। आईटीसी अपने पोषण अभियान हेल्प इंडिया ईट बेटर और बाजरे के प्रति जागरूकता बढ़ाने हेतु प्रतिबद्ध है। यह अभियान माननीय प्रधानमंत्री के नेतृत्व में चलाया जा रहा है।
आईटीसी मिशन मिलेट्स का यह विशेष डाक स्टैम्प भारत के किसानों की महत्वपूर्ण भूमिका को स्वीकार करता है और बाजरे से बने स्वादिष्ट व्यंजनों एवं उनकी विधियों के लिए पौष्टिक खाद्य उत्पादों की स्थाई खेती में उनके योगदान को मान्यता प्रदान करता है। इस स्टैम्प में एक आकर्षक स्केच बनाया गया है, जो आईटीसी के एग्री बिजनेस डिविजन, फूड बिजनेस डिविजन और आईटीसी होटल के एकजुट एवं सामूहिक प्रयासों को दर्शाता है। इन प्रयासों के माध्यम से ना केवल बाजरे की स्थाई खेती को बढ़ावा मिला है, बल्कि उपभोक्ताओं को पोषण से भरपूर मिलेट्स का स्वाद पहचानने में भी मदद मिली है। आईटीसी ने बाजरे से बने उत्पादों की रेंज विकसित की है, जो दिन भर किसी भी वक्त खाने के लिए उपयुक्त हैं और इन्हें पारंपरिक एवं आधुनिक फॉर्मेट्स में उपलब्ध कराया गया है। इन उत्पादों में रेडी टू ईट प्रोडक्ट्स, कुकीज़, नूडल्स, सेवई, चॉकोस्टिक्स, स्नैक्स तथा मल्टी मिलेट मिक्स एवं रागी आटा जैसे स्टेपल्स का समावेश है। आईटीसी होटल्स ने भी अपने बुफे में मिलेट्स से बने विशेष व्यंजन शामिल किए हैं। यह डाक स्टैम्प खेतों से लेकर आईटीसी की खाद्य उत्पादन फैक्ट्रियों तक और अंत में आईटीसी होटल्स के शेफ द्वारा बनाए जाने वाले पौष्टिक व्यंजनों में समावेश तक के बाजरे के सफर को दर्शाता है। स्टैम्प का मिट्टी जैसा रंग और इस पर बना स्केच श्री अन्न एवं इनके विभिन्न फायदों को मान्यता प्रदान करता है।
25 जुलाई, 2023 को डाक स्टैम्प के अनावरण कार्यक्रम के दौरान केंद्रीय राज्य मंत्री श्री कैलाश चौधरी ने भारत सरकार द्वारा श्री अन्न के प्रचार हेतु उठाए गए कदमों की जानकारी देते हुए बताया कि भारत पूरे विश्व में बाजरे का सबसे बड़ा उत्पादक और दूसरा सबसे बड़ा निर्यातक देश है। भारत के माननीय प्रधानमंत्री के नेतृत्व में कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय ने इस दिशा में विभिन्न कदम उठाए हैं। इनमें अंतर्राष्ट्रीय बाजरा वर्ष – 2023 मनाने, जी20 कृषि मंत्रिस्तरीय बैठक (एएमएम) की मेज़बानी करने, हैदराबाद स्थित आईसीएआर- आईआईएमआर को बाजरा (श्री अन्न) के लिए वैश्विक उत्कृष्टता केंद्र घोषित करने, अप्रैल 2018 में बाजरे को एक पोषक अन्न घोषित करने और पोषण मिशन अभियान इसका समावेश करना शामिल है।
श्री सुनील शर्मा, उप महानिदेशक, भारतीय डाक, ने कहा, “पूरे विश्व में डाक स्टैम्प के जरिये देश में प्रगतिशील बदलावों वाले महत्वपूर्ण सांस्कृतिक क्षणों को संजोया जाता है। आईटीसी लिमिटेड के साथ सहभागिता में जारी किया गया यह कस्टमाइज्ड स्टैम्प दुनिया के सुपरफूड – बाजरे को मुख्य भोजन में लाने के सफर का एक अहम पड़ाव बनता है। हमारे लिए यह एक खुशी का मौका है, जो पूरे देश के सामूहिक प्रयासों का परिणाम है।”
इस लॉन्च के मौके पर बोलते हुए श्री एस. शिवकुमार, ग्रुप हेड, एग्री बिजनेस, आईटीसी लिमिटेड ने कहा, “सरकार द्वारा बाजरे को मुख्यधारा के भोजन में शामिल करने की पहल का समर्थन करते हुए आईटीसी ने आईटीसी मिशन मिलेट्स नामक अभियान शुरु किया, जो तीन स्तंभों पर आधारित है। इनमें नए आधुनिक उत्पादों वाला एक ‘गुड फॉर यू’ प्रोडक्ट पोर्टफोलियो विकसित करने और एक स्थाई कृषि व्यवस्था लागू करना शामिल है। इस कृषि व्यवस्था को बाजरे का महत्व बढ़ाने और बाज़ार से जोड़ने पर मुख्य जोर देने वाली एक ठोस मिलेट्स एग्री वैल्यू चेन का समर्थन मिलेगा। इसके अलावा, मिलेट्स के फायदों के बारे में उपभोक्ताओं के बीच जागरूकता बढ़ाने पर भी जोर दिया जाएगा, जो पोषण के हिसाब से एक बेहतरीन भोजन विकल्प है। भारतीय डाक के साथ सहभागिता में जारी किया गया यह प्रतिष्ठित पोस्टल स्टैम्प आईटीसी द्वारा जागरूकता बढ़ाने के प्रति समर्पण को दर्शाता है और बाजरे के लिए एक विस्तृत बाजार तैयार करने के हमारे सामूहिक उद्देश्य की पुष्टि करता है।”













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