सूर्योदय स्मॉल फाइनेंस बैंक लिमिटेड ने 30 सितंबर 2022 को समाप्त हुई तिमाही और छमाही के लिए अपने लेखापरीक्षित ना किए गए वित्तीय परिणामों की घोषणा की है।
सूर्योदय स्मॉल फाइनेंस बैंक ने ब्याज से प्राप्त कुल आय (एन.आई.आई.) में वृद्धि और प्रावधानों और आकस्मिकताओं में कमी के कारण जुलाई-सितंबर में रु. 13 करोड़ का शुद्ध लाभ दर्ज किया।
सूर्योदय स्मॉल फाइनेंस बैंक का पीपीओपी वर्ष-दर-वर्ष 26.9% बढ़कर रु. 172.5 करोड़ पहुँच गया और वित्तवर्ष 2023 की पहली छमाही में पीएटी रु. 20.8 करोड़ पर पहुँच गया।
इस प्रदर्शन पर बोलते हुए, सूर्योदय स्मॉल फाइनेंस बैंक के प्रबंध निदेशक एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी, श्री भास्कर बाबू ने कहा: “हमारे बैंक ने वित्तवर्ष 2023 की पहली छमाही में स्थिर प्रदर्शन किया है क्योंकि सूक्ष्मवित्त और उससे जुड़े कारोबार के अन्य क्षेत्र अपने कोविड से पहले के वृद्धि के स्तर पर लगभग वापस आ गए हैं। व्यावहारिक माँग के माहौल के बेहतर होने के कारण संवितरण की गतिविधियाँ धीरे-धीरे तेज़ होती जा रही हैं। हमारे समावेशी वित्तीय ऋण, जिनके माध्यम से हम देश के बैंकिंग सेवा से वंचित रहने वाले और आवश्यकता से कम बैंकिंग सुविधा प्राप्त वाले लोगों को सूक्ष्मवित्त ऋण प्रदान करते हैं, वे कुल ऋण खाते का 64.4 प्रतिशत योगदान देते हैं। दीर्घावधि में इस बैंक का ध्यान सस्ते आवास ऋण, सूक्ष्म व्यवसाय के ऋण, व्यवसाय के ऋण और व्यावसायिक वाहनों के लिए ऋण वाले सुरक्षित ऋण प्रदान करने के पोर्टफोलियो की हिस्सेदारी को बढ़ाने पर होगा। भविष्य में, हम अपनी संग्रहण की क्षमता को साथ-साथ बेहतर बनाते हुए, अपने व्यावसायिक क्षेत्रों के विस्तार पर अपना ध्यान केंद्रित करना जारी रखना चाहते हैं।”
एनआईआई वर्ष-दर-वर्ष 19.5 प्रतिशत बढ़कर रु. 176 करोड़ रही (एक वर्ष पहले की अवधि में रु. 147 करोड़)। अन्य आय वर्ष-दर-वर्ष 26 प्रतिशत घटकर रु. 24.7 करोड़ हो गई (रु. 33.4 करोड़)। प्रावधान (टैक्स के अतिरिक्त) और आकस्मिकतायें 21.7 प्रतिशत घटकर रु. 76.1 करोड़ रह गईं (रु. 97.3 करोड़)।
कुल ब्याज लाभ एक वर्ष पहले की अवधि में 9.1 प्रतिशत के मुकाबले बढ़कर 9.2 प्रतिशत हो गया। 2022 सितंबर के अंत तक सकल ऋण 20.3 प्रतिशत बढ़कर 5,378.4 करोड़ रुपये हो गए।
जमाराशियों में वर्ष-दर-वर्ष 34.5 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई और यह रु. 4,207 करोड़ रुपये रहीं। कुल जमा राशियों में कम लागत वाले चालू खाते, बचत खातों की जमा राशियों की हिस्सेदारी एक वर्ष पहले की अवधि में 18.5 प्रतिशत के मुकाबले घटकर 17.3 प्रतिशत रह गई।
इस अवधि के लिए बैंक का सकल ऋण 20.3% बढ़कर रु. 5,378.4 करोड़ हो गया, जबकि इस अवधि के लिए संवितरण में 50.3% की वृद्धि हुई, जो पिछले वर्ष की इसी अवधि में रु. 1,417.8 करोड़ की तुलना में रु. 2,130.4 करोड़ था। परिसंपत्ति की गुणवत्ता के संदर्भ में, वित्तवर्ष 2023 की पहली छमाही के अंत में जीएनपीए 9.9% था, जो वित्तवर्ष 2022 की पहली छमाही में 10.2% था। वित्तवर्ष 2023 की पहली छमाही में कुल एनपीए 4.8% था जबकि वित्तवर्ष 2022 की पहली छमाही में यह 4.5% था। सितंबर 2022 तक कुल संग्रहण दक्षता 94.6% रही। संग्रहण दक्षता को और बेहतर बनाना और सकल और कुल एनपीए दोनों स्तरों को कम करना बैंक का प्रमुख प्रयास होगा।













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