रूम टू रीड इंडिया ने देश भर में बच्चों की शिक्षा सुनिश्चित करने के अपने संकल्प पर कायम रहते हुए 15 अगस्त से 8 सितंबर 2022 के दौरान राजस्थान सरकार के सहयोग से #ReadingEquals: “#पढ़नाजहाँसमानतावहाँ” की विषय-वस्तु पर आधारित अपने प्रमुख वार्षिक पठन अभियान की शुरुआत की। श्री राम सिंह राव (राजस्थान के वंशावली संरक्षण एवं संवर्धन विभाग के अध्यक्ष, राज्य मंत्री रैंक) ने इस पहल को अपना समर्थन देते हुए एक वीडियो संदेश के साथ अभियान की शुरुआत की और माता-पिता से अपने बच्चों के साथ समय बिताने का आग्रह किया। इस अवसर पर उन्होंने राजस्थान के लोगों को भी संबोधित किया और बताया कि इस अभियान का उद्देश्य घर पर सीखने के माहौल को बढ़ावा देना और बच्चों के सीखने में माता-पिता एवं समुदाय की भागीदारी को बढ़ाना है। उन्होंने समुदाय के सदस्यों के बीच “सेवन वुल्फ्स” कहानी का वाचन भी किया।
अभियान के दौरान राज्य की ओर से भी पहल की शुरुआत की गई: इस अभियान के तहत “समझ के साथ पढ़ने” की आदत को विकसित करके बच्चों के सीखने के स्तर को बढ़ाने के फायदों पर बल दिया गया है। इस साल के अभियान में बड़े पैमाने पर पठन-पाठन की मुहिम को प्रोत्साहन देकर तथा माता-पिता को अपने बच्चों की सीखने व पढ़ने की आदतों और कौशल में शामिल होने के लिए प्रोत्साहित करके इस उद्देश्य को आगे बढ़ाया है।
सरकारी अधिकारियों ने एक वीडियो संदेश जारी करके इस अभियान को अपना समर्थन दिया, साथ ही जिला/ब्लॉक स्तर के सभी शिक्षा अधिकारियों/शिक्षकों से इस अभियान में शामिल होने का अनुरोध किया। उन्होंने इस अभियान के दौरान रूम टू रीड इंडिया द्वारा की गई पहलों की भरपूर तारीफ़ की, जिसमें बच्चों तथा माता-पिता को ऑनलाइन/ ऑफलाइन माध्यमों से पढ़ने और सीखने की सामग्रियाँ उपलब्ध कराना शामिल है। स्कूल एवं ग्राम स्तर पर पूरे जोश व उत्साह के साथ “#पढ़नाजहाँसमानतावहाँ” की थीम पर आधारितपठन कार्यक्रम के आयोजन से सीखने के लिए बेहतर माहौल तैयार करने में मदद मिलेगी।
इस कैंपेन के दौरान 1 सितंबर, 2022 को सामूहिक पठन कार्यक्रम, रीड-ए-थॉन का शुभारंभ भी किया गया। इस कार्यक्रम में राजस्थान के शिक्षकों, स्वयंसेवकों, समुदाय के सदस्यों, सरकारी अधिकारियों ने पूरे उत्साह के साथ भाग लिया। पूरे राज्य में इस परियोजना के विभिन्न क्षेत्रों, जैसे कि जयपुर, जोधपुर और अजमेर जिलों में इस कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
राजस्थान के पूरे राज्य में तीन हफ्तों के लिए #पढ़नाजहाँसमानतावहाँ” अभियान के आयोजन के माध्यम से पठन-पाठन के दायरे से बाहर लोगों तक पहुंचने पर विशेष ध्यान दिया गया, जिसमें राज्य सरकार ने भरपूर सहयोग प्रदान किया। इस दौरान हम सीधे तौर पर 30,349 से अधिक लोगों तक पहुंचने में सफल रहे, जिनमें 27,313 बच्चे, 1186 अभिभावक एवं समुदाय के सदस्य, 1238 शिक्षक, तथा 599 सरकारी अधिकारी व अन्य भागीदार शामिल हैं। इसके अलावा, पढ़ने की संस्कृति को बढ़ावा देने के उद्देश्य से पूरे राजस्थान में बड़ी संख्या में बच्चों और शिक्षकों तक अप्रत्यक्ष रूप से पहुंचने के लिए सरकारी और ऑनलाइन प्लेटफॉर्म का उपयोग किया गया।













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